Meri Priya Kahaniyan_Akhilesh
हिन्दी कहानी के लम्बे और समृद्ध इतिहास में अखिलेश उस ऐतिहासिक मोड़ पर हैं जहां कहानी सफेद और स्याह की पारम्परिक यथार्थ रूढि़ से मुक्ति लेती है। इसे मुक्त करने में अखिलेश की कहानियों की अग्रणी भूमिका है। व्यक्ति और समाज सबंधों और स्वार्थो की जटिलता में उलझे हुए हैं और इन्हें किसी खांचे या श्रेणी में विभक्त कर देखना नितांत असंगत मालूम होता है तब अखिलेश की कहानियाँ इस जटिलता को समझने का रास्ता देती हैं। अखिलेश सपाटबयानी से हमेशा दूर रहे हैं। दूसरी बात उनकी कहानियों की भाषा की है। कभी कभी ही ऐसा होता है जब कोई लेखक अपनी रचना में ऐसी भाषा का सृजन कर सके जो स्वयं में भी एक बड़ी उपलब्धि बन जाए। अखिलेश की कहानियाँ ऐसा करने में सक्षम और सफल रही हैं।
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