Sadgati Tatha Anya Natak

Sadgati Tatha Anya Natak
Hindi
0
978-8-170-28953-1
भारतीय जन-जीवन के कुशल कथाशिल्पी प्रेमचंद की श्रेष्ठ कहानियों के नाट्य-रूपांतर, जिन्हें सुपरिचित कथाकार चित्रा मुद्गल ने प्रस्तुत किया है। रेडियो और दूरदर्शन से प्रसारित हो चुके ये नाटक स्कूलों के छात्र भी आसानी से खेल सकते हैं। 'व्यास सम्मान' से सम्मानित हिंदी की प्रतिष्ठित कथाकार चित्रा मुद्गल ने कहानियों का नाट्य-रूपांतर किया है। सुगमता से अभिनीत हो सकने वाले नाटकों का हिंदी में अभाव है। प्रेमचंद की कहानियों के ये नाट्य-रूपांतर इस कमी को पूरा करेंगे।