Sukh Aur Safalta Ka Mool Mantra_Satyakam Vidyalankar_Paperback
कुछ भी सोचने के लिए कुछ भी करने के लिए स्वस्थ मन पहली शर्त है। सुखी जीवन भी तभी सम्भव है, जब मन स्वस्थ हो, कहते भी हैं : 'मन चंगा, तो कठौती में गंगा' मन को स्वस्थ रखने के भी उपाय हैं। विद्वान लेखक सत्यकाम विद्यालंकार ने इस पुस्तक में इस विषय पर विस्तार से प्रकाश डाला है। एक बहुप्रशंसित पुस्तक जिसकी हज़ारों प्रतियां बिक चुकीं हैं।
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